सीतापुर: अवैध प्लाटिंग करने वालों पर फिर चला बुलडोजर, करोड़ों की जमीन पर कब्जा कर चल रही थी प्लाटिंग
उत्तर प्रदेश के सीतापुर में प्रशासन ने अवैध प्लाटिंग और सरकारी जमीन पर कब्जा करने वालों के खिलाफ एक बार फिर बड़ी कार्रवाई की है। प्रशासन की इस सख्त कार्रवाई के तहत बुलडोजर चलाकर अवैध रूप से विकसित की जा रही प्लाटिंग को ध्वस्त कर दिया गया। बताया जा रहा है कि करोड़ों रुपये मूल्य की जमीन पर अवैध कब्जा कर प्लॉट काटे जा रहे थे और उन्हें बेचने की तैयारी चल रही थी।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रशासन को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि कुछ लोगों द्वारा सरकारी और विवादित भूमि पर बिना किसी वैध अनुमति के प्लाटिंग की जा रही है। मामले की जांच के बाद राजस्व विभाग और स्थानीय प्रशासन की टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का निरीक्षण किया। जांच में आरोप सही पाए जाने पर तत्काल कार्रवाई का निर्णय लिया गया।
कार्रवाई के दौरान भारी पुलिस बल की मौजूदगी में बुलडोजर चलाकर अवैध निर्माण, बाउंड्री वॉल और प्लाटिंग से जुड़े अन्य ढांचों को ध्वस्त कर दिया गया। प्रशासनिक अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बिना स्वीकृति के की जा रही किसी भी प्रकार की प्लाटिंग को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। साथ ही भविष्य में भी ऐसे मामलों पर लगातार नजर रखी जाएगी।
अधिकारियों का कहना है कि अवैध प्लाटिंग न केवल सरकारी राजस्व को नुकसान पहुंचाती है, बल्कि आम लोगों को भी धोखे का शिकार बनाती है। कई बार लोग अपनी जीवनभर की जमा-पूंजी लगाकर ऐसे प्लॉट खरीद लेते हैं, जिनकी वैधता बाद में संदिग्ध साबित होती है। ऐसे में प्रशासन की यह कार्रवाई आम नागरिकों के हितों की सुरक्षा के लिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन की इस कार्रवाई का स्वागत किया है। उनका कहना है कि लंबे समय से क्षेत्र में अवैध कब्जों और बिना अनुमति की प्लाटिंग का कारोबार चल रहा था, जिससे सरकारी भूमि पर अतिक्रमण बढ़ता जा रहा था। अब प्रशासन की सख्ती से ऐसे लोगों में हड़कंप मच गया है।
प्रशासन ने चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि कोई व्यक्ति सरकारी भूमि पर कब्जा करता है या बिना अनुमति के प्लाटिंग करता पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही आम जनता से भी अपील की गई है कि किसी भी प्लॉट को खरीदने से पहले उसकी वैधता और संबंधित दस्तावेजों की अच्छी तरह जांच कर लें।
सीतापुर में हुई यह कार्रवाई प्रशासन के अवैध कब्जों और भू-माफियाओं के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा है। अधिकारियों का कहना है कि जिले में जहां भी अवैध कब्जे या नियमों के विरुद्ध प्लाटिंग की जानकारी मिलेगी, वहां इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।